भरतपुर - ससुराल वालों की शिकायत पर पुलिस को धमकाने पहुंचा फर्जी आईएएस पकड़ा - News Desktops

Breaking

Thursday, July 30, 2020

भरतपुर - ससुराल वालों की शिकायत पर पुलिस को धमकाने पहुंचा फर्जी आईएएस पकड़ा



संतरी से की मारपीट, नदबई के लुहासा का रहने वाला है 8वीं पास युवक सौरभ
अजमेर, बयाना, सेवर, नदबई और चिकसाना थानों में दर्ज हैं धोखाधड़ी के 7 मामले

चिकसाना थाना पुलिस ने रविवार रात्रि 11 बजे संतरी से मारपीट करने के मामले में नदबई के लुहासा निवासी 28 वर्षीय युवक सौरभ को गिरफ्तार किया है। वह अपने ससुराल वालों की शिकायत पर एएसआई को धमकाने आया था। गेट पर खड़े संतरी को उसने खुद को विदेश मंत्रालय का आईएएस अधिकारी बताकर परिचय दिया और रौब झाड़ा।

संतरी ने उसे सैल्यूट करने के साथ ही कुर्सी पर बिठाया। लेकिन, जब वह अंदर थाने में घुसने लगा तो संतरी ने उसे अंदर जाने से रोका। बस, इसी बात पर उसने संतरी के साथ मारपीट कर ली। शोर सुनकर थाने का अन्य स्टाफ बाहर आ गया और फर्जी आईएएस को पकड़ लिया। उसे अब एक दिन के रिमांड पर लिया गया है।

थानाधिकारी रामनाथ ने बताया कि अब तक की पूछताछ में पता चला है कि आरोपी फर्जी आईएएस रविवार को चिकसाना स्थित अपनी ससुराल आया हुआ था। वहां उसे किसी ने बताया कि थाने का एएसआई सुरेंद्र सिंह उसके ससुराल वालों को अनावश्यक तंग करता रहता है। इस पर वह अपना रौब दिखाने के लिए रात को ही थाने पर आ गया।

उसने संतरी लक्ष्मण सिंह से कहा कि एएसआई सुरेंद्र सिंह कहां है, उसे बुलाकर लाओ। मैंने कल ही उसका चिकसाना थाने से पुलिस लाइन में ट्रांसफर करवाने के लिए उच्चाधिकारियों को शिकायत की है। इस पर संतरी ने सौरभ को असली आईएएस समझ लिया और उचित सम्मान देकर कहा कि आप बैठिए, मैं एएसआई को बुलाकर लाता हूं। लेकिन, आरोपी थाने में अंदर घुसने लगा तो संतरी ने उसे टोका। इस पर उसने संतरी का गिरेबान पकड़कर मारपीट कर धक्का दे दिया।

पहले भी आरोपी पूर्व मंत्री कालूलाल गुर्जर का पीए बना था
थाना प्रभारी के मुताबिक आरोपी सौरभ शर्मा ने पूछताछ में कबूल किया है कि उसके खिलाफ कई थानों में धोखाधड़ी और अन्य अपराधों के लिए विभिन्न थानों में 7 मामले दर्ज हैं। उसने बताया कि मई, 2017 में पहले उसका परिचय फतेहपुर सीकरी के रोजौली गांव निवासी रघुवीर सिंह जाट से हुआ था। तब उसने उसे खुद को पूर्व मंत्री कालूलाल गुर्जर का पीए बताकर उसके बेटे को विद्यार्थी मित्र लगाने के नाम पर 25000 रुपए हड़प लिए थे।

वर्ष 2017 में ही कठूमर वाले बच्चू पंडित से उनके लड़के पटवारी सोहनलाल शर्मा का अलवर ट्रांसफर कराने की एवज में 70 हजार रुपए लिए थे। नदबई में भी उसने अपने प्लॉट का सौदा तय करके धर्मवीर सिंह के पेशगी के 50 हजार रुपए लिए थे। लेकिन, न तो प्लॉट बेचा और न ही पेशगी की रकम लौटाई।

वर्ष 2018 में उसने करौली में कैलादेवी दर्शन करने के लिए आईजी रेंज कार्यालय में आईएएस बनकर दर्शन करवाने के लिए फोन किया था। तब उसे काफी वीआईपी प्रोटोकॉल मिला था। इससे उसकी आईएएस बनने की आदत पड़ गई और इस तरह वह पैसे लेकर कई लोगों के काम भी निकलवाता रहा है। लेकिन, एक बार वह जेल की सजा भी काट चुका है।

No comments:

Post a Comment