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Friday, March 27, 2020

भरतपुर - मुर्गा बनकर ब्रेक डांस करने से अच्छा है कि घर पर ही रहें

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भरतपुर। अगर आप लॉकडाउन के दौरान घर से बाहर निकल रहे हैं तो सावधान हो जाइए...। क्योंकि हो सकता है कि आपको मुर्गा बनकर माफी मांगनी पड़े और ब्रेक डांस भी करना पड़ जाए। चूंकि पुलिस व प्रशासन अब लोगों के झूठे बहानों से परेशान हो चुका है। ऐसे में आपकी सुरक्षा के लिए ही सख्त रुख अपनाया जा रहा है। इतना ही नहीं कुछ युवक तो पुलिस से यह कहने से बाज नहीं आ रहे कि वो फलां नेता के परिचित है। ऐसा कहने वालों की तो बिल्कुल खैर नहीं है। गुरुवार को लॉकडाउन के दौरान बाजारों में सन्नाटा पसरा नजर आया। हालांकि दोपहर को एक बजे बाद कुछ स्थानों पर पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी। जिला कलक्टर नथमल डिडेल व एसपी हैदर अली जैदी ने दोपहर को बाजार का निरीक्षण किया। इससे पहले लॉकडाउन में बाजार खोलने की छूट के दौरान अधिकारियों ने लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग की पालना का पाठ पढ़ाया। खुद अधिकारियों ने गोले में खड़े होकर बताया कि आखिर उन्हें किस तरह से नियम का पालन करना है। इधर, जिला कलक्टर नथमल डिडेल की अपील पर पूरे जिले में लोग लॉकडाउन के कारण प्रभावित कमजोर तबके, निराश्रित, जरुरतमंदों को राशन सामग्री और भोजन उपलब्ध कराने के लिए आगे आ रहे हैं। प्रशासन सोशल डिस्टेंसिंग की भी कड़ाई से पालना करा रहा है और साफ सफाई व सेनिटाइजेशन का काम भी तेजी से किया जा रहा है। वहीं आर्थिक सहयोग देने के लिए भी भामाशाहों का अच्छा समर्थन मिल रहा है। नगरपालिकाओं और नगर निगम क्षेत्र में गली मोहल्लों में फायर सर्विस के माध्यम से फायर बिग्रेड वाहनों का उपयोग कर सोडियम हाइपोक्लोराइट का छिड़काव कराया जा रहा है। फल सब्जी, किराने की दुकानों के बाहर अवरोधक लगाए गए हैं ताकि दुकानदार और ग्राहकों के बीच पर्याप्त दूरी रहे। दुकानों के बाहर थोड़ी-थोड़ी दूर पर लाइनें खींची गई हैं ताकि ग्राहक दूरी बनाए रखते हुए अपनी बारी की प्रतीक्षा कर सकें।
कालाबाजारी रोकने में प्रशासन नजर आ रहा फेल
शहर में परचून के सामान, दवा, मास्क व सेनिटाइजर की कालाबाजरी रोकने में प्रशासन पूरी तरह से फेल नजर आ रहा है। यही कारण है कि जो शक्कर 10 दिन पहले तक 35 रुपए प्रति किलो बिक रही थी वह अब 45 से 46 रुपए प्रति किलो बिक रही है। दाल की कीमत 120 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई है। इतना ही नहीं परचून के लगभग हर सामान पर मनमानी कीमत तय की जा रही हैं। हालांकि प्रशासन की ओर से रेट लिस्ट जारी की गई है, लेकिन यह रेट लिस्ट भी ग्राहकों के लिए सोशल साइट्स पर मजाक बनी हुई है। इसके अलावा दवा विक्रेताओं ने भी हद पार कर रख दी है। इसे रोक पाने में प्रशासन पूरी तरह से फेल नजर आ रहा है। इसका सबसे ज्यादा भार जरुरतमंद उपभोक्ताओं पर पड़ रहा है। 

लॉकडाउन गाइड
1. शहर में आवश्यक सेवाओं से जुड़ी सामान की दुकानों का खुलने का समय सुबह नौ बजे से 12 बजे तक ही रहेगा। 
2. आवश्यकता पडऩे पर खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के शासन सचिव के निर्देशानुसार अनटाइड फंड और दान के माध्यम से प्राप्त राशि में से एफसीआई से गेहूं लेकर जरुरतमंदों को उपलब्ध कराया जाएगा।
3. गरीब और असहाय लोगों को राशन सामग्री की सुनिश्चितता करने के लिए जिला परिषद के सीईओ पुष्कर राज शर्मा 9950019844 को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक बीएल मीना 9414364625 एवं रीजनल मैनेजर रीको वीके विजय 9413345737 को सहप्रभारी नियुक्त किया गया है। 
4. जिला रसद अधिकारी बनवारी लाल ने स्पष्ट किया है कि पेट्रोलियम पदार्थ और गैस सिलेण्डरों की आपूर्ति एवं पीडीएस के तहत एफसीआई के डिपो से गेहूं उठाव में लगे वाहन तथा पेट्रोल पम्प, गैस ऐजेन्सियों के कार्मिकों, उचित मूल्य दुकानदारों का अपने घर से कार्यस्थल तक जाना और गैस सिलेण्डर वितरण आवश्यक कार्य हैं, इन्हें आवश्यक सेवाओं के तहत माना गया है। इन्हें लॉकडाउन से मुक्त समझा जाए।
5. जिला स्तरीय कोरोना नियंत्रण वार रूम स्थापित किया है। इस वार रूम में दूरभाष नम्बर 05644-220388 पर संपर्क किया जा सकता है। यह वार रूम तीन पारियों में 24 घंटे कार्यरत रहेगा।

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