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Monday, October 7, 2019

बयाना - वन विभाग की जमीन पर कब्जे को लेकर थाने के आगे 3 गांव आमने-सामने, एसएचओ समेत कई घायल

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बयाना। वन विभाग की जमीन पर कब्जे को लेकर शनिवार को गढीबाजना थाने के ठीक सामने तांतपुर रोड पर तीन गांवों झिरका, परौआ व मन्नापुरा के सैंकड़ों ग्रामीण आमने-सामने हो गए। 
ग्रामीणों के बीच हुए संघर्ष के दौरान दोनों तरफ से जमकर फायरिंग और पथराव हुआ। इससे लोगों में दहशत फैल गई। 
पथराव में गढीबाजना एसएचओ कैलाश बैरवा सहित कई ग्रामीण घायल हो गए। 
भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के 12 सैल फायर किए और हल्का बल प्रयोग किया। 
सूचना पर बयाना से डीएसपी चेतराम सेवदा सहित बयाना व रुदावल थानों के थानाधिकारी मय जाब्ते के मौके पर पहुंचे। 
बाद में परौआ के पूर्व सरपंच गुमानसिंह कोट व अन्य प्रमुख लोगों की मौजूदगी में समझाइश वार्ता हुई। पुलिस ने ग्रामीणों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की। 
लेकिन सूचना के बावजूद वन विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंच पाए। उधर, ग्रामीणों के बीच हुई फायरिंग व पथराव की घटना को लेकर गढ़ी बाजना एसएचओ कैलाश बैरवा ने देर शाम दोनों पक्षों के 21 नामजद ग्रामीणों व 60-70 अन्य व्यक्तियों के खिलाफ जानलेवा हमले, आमजन का जीवन संकट में डालने व राजकार्य में बाधा सहित अन्य कई धाराओं में केस दर्ज किया है। 

 झगड़े की दो बड़ी वजह 

जमीन सरकारी : तांतरपुर रोड पर स्थित वन विभाग की जमीन पर ग्रामीण कब्जा करके होटल, रेस्टोरेंट आदि खोलना चाहते हैं। 
इसको लेकर पहले भी कई बार ग्रामीणों में विवाद हो चुका है। सभी में जमीन पर कब्जा करने की होड़ मची हुई है। शनिवार दोपहर को फिर से ग्रामीण आमने-सामने आ गए। 

बेशकीमती : थाने से कुछ दूरी पर स्थित यह जमीन बेशकीमती है। जमीन पर कब्जा करने के लिए तीनों गांवों के ग्रामीणों में हर हथकंडा अपना रहे हैं। 
यहां सबसे ज्यादा वन विभाग की है। कई बार स्थानीय ग्रामीणों ने सरकारी जमीन पर कब्जा करने का प्रयास भी किया है। 

इन लोगों के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा 

एसएचओ ने बताया कि घटना को लेकर एक पक्ष परौआ मन्नापुरा के अतरसिंह, रामवीर गुर्जर, रामकेश, लच्छी गुर्जर, मनरुप, रतीराम, पप्पू उर्फ हरिओम, राजेश, कल्लन, सप्पा उर्फ लक्ष्मण परौआ तथा दूसरे पक्ष झिरका गांव के नबाब, भगवानसिंह, महेन्द्र, प्यारसिंह, रामनिवास, लाखन, रतन, वकील, लज्जा, कुमरसिंह व एसवीर सहित 60-70 अन्य ग्रामीणों के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है।

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